Saturday, July 13, 2024
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गेवरा खदान में अनिश्चितकालीन धरना पर बैठे प्रभावित, अब 2-2 दिन का समय बनाकर करेंगे काम अवरुद्ध


0 प्रभावित ग्रामीणों के 111 आश्रित परिवारों को मकानों का मुआवजा, नौजवानों को वैकल्पिक रोजगार और शेष पट्टे खाते में नौकरी की माँग
0 पिछले 24 दिनों से खदान के मुहाने पर अनिश्चितकालीन धरना जारी

कोरबा (खटपट न्यूज)। प्रभावित ग्रामीणों के अनिश्चितकालीन धरना आंदोलन एसईसीएल के गेवरा खदान के मुहाने पर जारी हैं ग्रामीणों की प्रमुख मांग एसईसीएल से प्रभावित ग्राम पंचायत अमगांव के 111 आश्रित परिवारों की मकानों की मुआवजा राशि नौजवानों की वैकल्पिक रोजगार शेष बचे पट्टेखाते में नौकरी की मांग को लेकर पिछले 24 दिनों से अनिश्चितकालीन धरना पर डटे हुए।
ग्रामीण मनीराम भारती ललित महिलांगे ने बताया कि एसईसीएल के अधिकारियों से साफ-साफ वार्ता-चर्चा हुआ था कि अमगांव पंचायत के 111आश्रित परिवारों की मकानों की मुआवजा राशि को भुगतान के लिए एसईसीएल के परियोजना अधिकारी साहब ने कहा था कि आप लोगों के द्वारा पूर्व में कलेक्टर अनुविभागीय अधिकारी तहसीलदार को आवेदन किया है वह आवेदन को एसईसीएल को उपलब्ध कराएं। करने के बाद एसईसीएल के परियोजना अधिकारी आश्वस्त किया था कि एसईसीएल की ओर से अनुविभागीय अधिकारी को तलब कर एक छायाप्रति ग्रामीणों को देंगे और 111 आश्रित परिवारों की मकानों की मुआवजा राशि को त्वरित निराकरण किया जाएगा तथा नौजवानों को रोजगार की वैकल्पिक रोजगार के लिए प्राइवेट सेक्टर में प्राथमिकता दिया जाएगा जिसमें परियोजना अधिकारी ने वार्ता के दौरान प्रभावित ग्रामीणों को स्पष्ट रूप से कहे थे कि जिन नौजवानों की बीटीसी पास या रिज्यूम पेपर तैयार हो जाएगा उन भू-विस्थापित परिवारों के नौजवानों को खदानों या प्राइवेट सेक्टरों में रोजगार की मुहैया कराएंगे। लेकिन वैकल्पिक रोजगार के संबंध में एसईसीएल के अधिकारी गंभीर नजर नहीं आ रहे हैं और एसईसीएल के परियोजना अधिकारी यह भी कहे थे कि जिन पट्टे खाते में नौकरी शेष बचे हुए हैं उस भू-स्वामियों का दस्तावेजों व सत्यापन को जांच कर रोजगार की प्रबंध कराया जाएगा लेकिन अभी तक एसईसीएल के परियोजना अधिकारी का कथनी और करनी में आसमान का अंतर है।

प्रभावित ग्रामीणों ने धरना स्थल में आपसी सलाह मशवरा करके निर्णय लिए है कि एसईसीएल के गेवरा खदान को दो-दो दिन की गेपिंग का समय बनाकर एक-एक घंटा दो-दो घंटा तीन-तीन घंटा काम को अवरुद्ध किया जाएगा जब तक प्रभावित ग्रामीणों की जायज हक की मांगे को एसईसीएल के प्रबंधन मान नहीं लेते। जनपद सदस्य अनिल टंडन, नरेंद्र बंजारे, विष्णु कुमार यादव, रमेश कठौते सूरज सिंह कवर राकेश दास महंत फिरत कुमार नोनी बाई जानकी बाई कंचन देवी शीला बाई रविन बाई संतोष सुरेंद्र गुप्ता रोमियो सामेल हरिश्चंद्र रंजीत महिलांगे आदि ग्रामीण उपस्थित थे।

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