
सुल्तानपुर-सेमरी बाजार(खटपट न्यूज़)। उत्तरप्रदेश के जिला सुल्तानपुर अंतर्गत जयसिंहपुर ब्लॉक के उच्च पूर्व माध्यमिक विद्यालय डडवा तक पहुँचने को एक अदद रास्ता तक नहीं है। बरसात होने पर बच्चो व शिक्षक को पानी के बीच से आना पड़ता है। तेज बारिश होने पर विद्यालय के बन्द होने तक की नौबत आ जाती है। विद्यालय का निर्माण एक दशक पूर्व हुआ है। क्षेत्र के लोगो व शिक्षकों ने कई बार प्रधान सहित शिक्षा विभाग व राजस्व विभाग के आला अधिकारियों को अवगत कराया लेकिन नतीजा शून्य है।

0 राजस्व अभिलेख में नहीं अंकित चकमार्ग, कई बार उच्चाधिकारियों को दी गयी सूचना
स्थानीय लोगों ने बताया कि विद्यालय के सामने स्थित खेतौनी धारक राम चंद्र दूबे से रास्ते की बात की गई तो उन्होंने बताया कि यहां रास्ते के लिए राजस्व अभिलेख में कोई चकमार्ग स्थित नहीं है। चकरोड की मांग का समर्थन करते हुए कहा कि विद्यालय के बच्चो व अध्यापको के रास्ते के लिए वे हर प्रकार से तैयार हैं। राम चन्द्र दूबे ने बताया कि उन्होंने चकरोड व नाली के निर्माण के लिए मुख्य विकास अधिकारी को शिकायती पत्र दिया था,जिसे मुख्य विकास अधिकारी ने राजस्व विभाग का मामला कह कर टाल दिया। पुनः राजस्व विभाग को शिकायती पत्र देकर चिन्हांकन कराने की गुजारिश उन्होंने 5 महीने पहले की थी जिसका निस्तारण राजस्व विभाग द्वारा कर दिया गया लेकिन अभी तक विद्यालय के लिए रास्ता व पानी निकासी के लिए मौजूद नाली के निर्माण की सुध किसी जिम्मेदार अधिकारी ने नहीं ली है।
स्थानीय लोगों के हवाले से बता दें कि एक दशक बाद भी बच्चे पगडंडियों से व बरसात में घुटने तक पानी से होकर विद्यालय जाते-आते हैं। पगडंडी के रास्ते ही सायकल-बाइक पार करते हैं जो बरसात में मुश्किल भरा होता है। अभी गर्मी की छुट्टी के बाद नवीन सत्र का आगाज होगा और पुनः बच्चो व अध्यापकों के आने-जाने का सिलसिला शुरू होगा। सवाल है कि क्या इस बार जिम्मेदार अधिकारी संज्ञान लेकर नाली व चकरोड की व्यवस्था करेंगे या बच्चे फिर इस बरसात पानी से होकर विद्यालय आना-जाना करेंगे।














