
कोरबा (खटपट न्यूज)। एसईसीएल गेवरा खदान परिसर में शनिवार को दो गुटों के बीच कोयला लिफ्टिंग को लेकर विवाद हो गया, जो मारपीट में बदल गया। खास बात यह रही कि घटनाक्रम के दौरान जब कुछ सुरक्षा कर्मियों ने टकराव को शांत कराने की कोशिश की तो वे भी मारपीट का शिकार हो गए। पुलिस के पास इस बारे में जानकारी पहुंची है।
जो जानकारी इस बारे में मिली है, उसमें कहा गया है कि यह विवाद केसीपीएल और केके इंटरप्राइजेज के कर्मचारियों के बीच हुआ था। खदान के पाइंट से कोयला उठाने के चक्कर में हुआ विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर लात-घूंसे चलाए। धीरे-धीरे स्थिति विस्फोटक मोड़ लेने की कगार पर पहुंची तो मौके पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने बीच-बचाव का प्रयास किया। नेकी कर दरिया में डाल वाले अंदाज में हस्तक्षेप करने वाले सुरक्षाकर्मी खुद दो गुटों की हाथापाई का शिकार हो गए। कर्मचारियों का कहना है कि खदान में इस तरह की घटनाएं अक्सर होती रहती हैं। प्रबंधन के उदासीन रवैये के कारण स्थिति नियंत्रण से बाहर हो रही है। पहले खदान परिसर में निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे और किसी भी मारपीट या लापरवाही पर संबंधित कंपनी पर जांच के बाद कड़ी कार्रवाई की जाती थी, जिसमें ब्लैक-लिस्ट करना भी शामिल था। हालांकि इस दिशा में कुछ किया नहीं गया और नतीजे सिफर हो गए। आलम यह है कि प्रभावी व्यवस्था न होने से खदान की भीतरी हिस्से में बद्इंतजामी लगातार बढ़ रही है और इससे खतरे गंभीर हो रहे हैं। दीपका थाना प्रभारी प्रेमचंद साहू ने बताया कि खदान क्षेत्र में जो कुछ हुआ इस बारे में पुलिस के पास सूचना पहुंची है और संबंधित लोगों के आवेदन पर इस मामले में शिकायत दर्ज कर ली गई है। घटनाक्रम की जानकारी लेते हुए कड़ी कार्रवाई की जाएगी।















