
कोरबा(खटपट न्यूज़)। नगर पालिक निगम के द्वारा कराए गए सौंदर्यकरण के लाखों के कार्य सामान और पोस्टर, बैनर टांगने वाली खूंटी के काम आ रहे हैं। शहर को सजाने-संवारने में इतना पैसा फूंका गया है कि उससे दूसरे जरुरी काम भी हो सकते थे। अब यही सौन्दर्यकरण, कीमती लैम्प, शो वाले वृक्ष, डिजाइनदार दीवारों के स्ट्रक्चर नेताओं और दुकानदारों के प्रचार का सामान बन गए हैं।

इन लोगों पर सीधी कार्यवाही करने की बजाय निगम के जिम्मेदार जोन अधिकारी व मैदानी अमला नजरअंदाज कर संबंध निभाने पर ज्यादा जोर दे रहे हैं जिसका पूरा लाभ उठाया जाकर लाखों के सौन्दर्यकरण को भी बेजा कब्जा का अड्डा बना लिया गया है। जगह-जगह सजावट पर चिपके पोस्टर उसकी शोभा बिगाड़ रहे हैं पर ऐसे लोगों के लिए कार्यवाही शून्य है। लापरवाह अमले के द्वारा आयुक्त के साफ-सुथरा व अतिक्रमण मुक्त निगम की परिकल्पना को ठेस पहुंचाई जा रही है। यह हाल शहर ही नहीं बल्कि पूरे निगम क्षेत्र के उपनगरीय इलाकों/बाजार का भी है। महंगे लैम्प सप्ताह भर भी रौशनी नहीं दे पाए और अब तिरपाल की रस्सी बांधने और सामान, पोस्टर लटकाने के काम आ रहे हैं। निगम की संपत्तियों को निगम के ही जोनवार जिम्मेदार अधिकारी सुरक्षित नहीं कर पा रहे हैं जबकि इसके लिए जोन प्रभारियों की जिम्मेदारी तय होनी ही चाहिए।

गुरुवार को आयुक्त कुलदीप शर्मा ने अतिक्रमण करने व बिना अनुमति के लगाए गए अवैध होर्डिंग, पोस्टर, बैनर आदि पर कड़ा रूख अपनाते हुए निगम के राजस्व अमले को फटकार लगाई। उन्होंने अवैध रूप से लगाए गए होर्डिंग, पोस्टर, बैनर आदि को हटाए जाने के निर्देश दिए।

आयुक्त ने कहा कि निगम क्षेत्र में कहीं पर भी नया अतिक्रमण न होने पाए, बिना अनुमति के अवैध रूप से होर्डिंग पोस्टर बैनर न लगें, निगम का राजस्व अमला यह अंतिम रूप से सुनिश्चित करें अन्यथा संबंधित अधिकारी कर्मचारी के विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही होगी। आयुक्त ने नगर निगम की स्वच्छता व साफ-सफाई कार्ये पर विशेष फोकस रखकर कार्य कराने भी निर्देशित किया।
00 सत्या पाल 00 (7999281136)















