
कोरबा (खटपट न्यूज)। अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के लोगों के संबंध में एक्ट्रोसिटी एक्ट की धाराओं का किस-किस जगह पर उपयोग हो सकता है, इसकी जानकारी अधिकांशत: नहीं है। इस संबंध में छत्तीसगढ़ राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग के सचिव एचके सिंह उइके ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा है कि अनेक मामलों में जानकारी के अभाव में केवल जातिगत गाली देने पर ही एक्ट्रोसिटी एक्ट के तहत कार्यवाही की जाती है जबकि अधिनियम में यह कहीं उल्लेख नहीं है कि जातिगत गाली देने पर ही एक्ट्रोसिटी एक्ट लगाया जाएगा।















